Path to humanity

Path to humanity
We cannot despair of humanity, since we ourselves are human beings. (Albert Einstein)

Monday, November 30, 2015

'समय और कलाकार'
The Creator and Time

क्या कीमत हो सकती है किसी के जीवन की
और वो जीवन मानव का हो जरुरी तो नहीं
हमारे क़दमों तले जाने कितने काल को प्राप्त होते हैं
हम उन्हीं क़दमों संग नित नयी ऊंचाइयां छूते हैं

जीवन का अर्थ पर-मृत्यु तो नहीं
हम हंसे कोई रोये और कहीं
मेरे मन के वन में बैठा एक राही
जिसे जाने किसने एक भेद की बात बतायी

समय चलायमान है बाकी सब है रुका हुआ
आज अगर हुई है एक मृत्यु तो आज ही एक नया जन्म भी हुआ
कुछ नहीं ऐसा जो कारण हीन हो
नहीं है कोई जीवन जो मूल्य विहीन हो

अस्तित्व, महत्वपूर्ण है
अन्यथा जीवन अपूर्ण है
उस कलाकार की कृतियाँ हैं चहुँ दिशाएं
उस बिन नहीं संभव एक सूखा पत्ता भी हिल जाये



-Snehil Srivastava
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© Snehil Srivastava

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